मुख्य सामग्री पर जाएँ
एकादशी पंचांग पर वापस जाएँ

एकादशी

परिवर्तिनी एकादशी

22 सितंबर 20267 आश्विन 1433 बंगाब्दशुक्ल पक्ष

भाद्रपद मास की शुक्ल एकादशी को पड़ती है, जिसे 'पार्श्व-परिवर्तिनी' एकादशी भी कहते हैं — इस दिन विष्णु योगनिद्रा में करवट बदलते हैं, ऐसी मान्यता है। सनातन परंपरा में यह एकादशी महादान (तुलसीदान, स्वर्णदान) की महिमा के लिए भी प्रसिद्ध है; शुभ-अशुभ का नियंत्रण करने वाले विष्णु स्वरूप की उपासना ही इस व्रत का मूल है।

परिवर्तिनी एकादशी — Sanatan